विधायकों का होने लगा है क्षेत्र में तकाजा

विधायकों का होने लगा है क्षेत्र में तकाजा

- in राजनीति
0

नई टिहरी। 2017 में चुनाव जीते विधायकों का साढ़े तीन साल बाद जनता ने विभिन्न मुददों को लेकर तकाजा करना शुरू कर दिया है। उनके वादों पर टिप्पणियां शुरू हो गई हैं और लोग विभिन्न मुददों पर मुंह के सामने कोसने भी लगे हैं।

2022 के फरवरी-मार्च में राज्य में विधानसभा के चुनाव होने हैं। सरकार के पास अब सिर्फ एक साल का समय रह गया है। ऐसा ही जनप्रतिनिधियों यानि विधायकों के साथ भी है। इसके साथ ही जनता ने विधायकों से लेकर सरकार तक के कामकाज का मूल्यांकन शुरू कर दिया है।

विधायकों का तो क्षेत्र में तकाजा शुरू होने लगा है। जनता मुंह के सामने 2017 में किए गए वादों को की याद दिला रही है। टिप्पणियां भी खूब होने लगी हैं। उन विधायकों पर जनता के सवाल ज्यादा चूभ रहे हैं जो पार्टी अनुशासन के नाम पर क्षेत्र की पैरवी तक नहीं कर सकें।

यही नहीं क्षेत्र की बड़ी आबादी का पक्ष सरकार के सामने नहीं रख सकें। ऐसे विधायक और उनके समर्थकों को क्षेत्र में खूब खरी खोटी सुननी पड़ रही है। क्षेत्र के चकड़ैतों को विधायक निधि की दवा से चुप रखने का फार्मूला भी अब फीका पड़ने लगा है।

बड़ी-बड़ी बातें और नाम की माला भी काम करती नहीं दिख रही है। यही नहीं माहौल बनाने का काम करने वालों को भी अब लोग आड़े हाथों लेने लगे हैं। ये सिर्फ स्थानीय मुददों की तस्वीर है। जनता की बेहतरी से जुड़े मुददे अलग से हैं।

इसमें रोजगार से लेकर सरकारी योजना, कार्यालयों में कामकाज से जुड़े मुदद्रे प्रमुख रूप से शामिल हैं। ये सब मुददे माननीयों को परेशान कर रहे हैं। जो विधायक जनता के साथ खड़े रहे वो जरूरत राहत महसूस कर रहे हैं।

यह भी पढ़ेः श्री बदरीनाथ धाम के मास्टर प्लान पर तीर्थ पुरोहितों के सवाल

यह भी पढ़ेः टिहरी के डीएम मंगेश घिल्डियाल की प्रधानमंत्री कार्यालय में तैनाती

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may also like

राज्य सभाः पूर्व सीएम विजय बहुगुणा की राह में रोड़े

देहरादून। पूर्व मुख्यमंत्री विजय बहुगुणा के राज्य सभा